Top 10 Digital Skills for Students in Hindi – स्टुडेंट्स के लिए टॉप 10 डिजिटल स्किल्स जो डिजिटल दुनिया में हर स्टुडेंट्स को आनी चाहिए

डिजिटल दुनिया में खुद को अनुकूल बनाने के लिए डिजिटल कौशलों की बुनियादी समझ आवश्यक है. अगर, आप ऐसा नही करेंगे तो तकनीक आपको पछाड़ देगी. जब तक आपको होश आएगा तब तक चिडिया खेत चुग चुकी होगी.

खासकर स्टुडेंट्स के लिए तो डिजिटल स्किल्स सीखना अनिवार्य है. पिछ्ले दो दशकों से तकनीक ने बहुत तेज रफ्तार से विकास किया है और दिनो-दिन हमारी दैनिक जिंदगी का महत्वपूर्ण हिस्सा बनती जा रही है.

उदाहरण; स्मार्टफोन के बगैर एक दिन रह कर देखिए.

इसलिए, डिजिटल स्किल्स को हम नजरांदाज बिल्कुल भी नही कर सकते हैं. ये डिजिटल स्किल्स ही आपकी क्षमता, योग्यता, ज्ञान को मापने का पैमाना बनती जा रही है. जितने ज्यादा टेक-सेवी आप होंगे. एम्प्लोयर को उतना ही ज्यादा पसंद आप आएंगे.

इन सभी जरूरतों को ध्यान में रखते हुए मैंने आपके लिए 10 ऐसी डिजिटल स्किल्स को छांटकर निकाला है जो इस डिजिटल दुनिया में प्रत्येक स्टुडेंट को सीखनी चाहिए.

तो चलिए जानिए मेरे साथ उन Top 10 Digital Skills for Students in Hindi के बारे में जो आपके डिजिटल करियर में चार चांद लगाने वाली हैं.

10 Digital Skills for Students in Hindi – स्टुडेंट्स के लिए टॉप 10 डिजिटल स्किल्स

Top 10 Digital Skills for Students
  • डिजिटल डिवाइसों का बेसिक ज्ञान
  • इंटरनेट तकनिकों का इस्तेमाल
  • तकनीकि शब्दावलियों की समझ
  • कोड़िंग
  • डिजिटल कंटेट तैयार करना
  • सोशल मीडिया
  • वर्ड प्रोसेसिंग
  • डेटा विश्लेषण
  • प्रेजेंटेशन तैयार करना और देना
  • कॉपीराइट और प्लेजिएरिज्म का ज्ञान

चलिए, अब एक-एक डिजिटल स्किल के बारे में विस्तार से समझते हैं और जानते हैं इनमे से कौनसी डिजिटल स्किल आपके लिए सही बैठती है.

#1 डिजिटल डिवाइसों का बेसिक ज्ञान

सबसे पहले हमे जो डिजिटल स्किल सीखनी है. वह है जिन डिवाइसों के जरिए यह दुनिया ऑपरेट हो रही है.

आप चारो तरफ दर्जनों डिवाइस देख रहे हैं जिनका रोजाना इस्तेमाल करते हैं. दैनिक जीवन के अधिकतर काम इन डिवाइसों के बगैर पूरे होने के बारे में हम सोच भी नही सकते हैं.

कम्प्यूटर बेसिक: पहला महत्वपूर्ण डिवाइस है कम्प्यूटर. जी हां. आपको डिजिटल दुनिया में अगर अपने आपको स्थापित करना हैं तो आपको कम्प्यूटर ऑपरेट करना जरुर आना चाहिए. यानि कम्प्यूटर बेसिक्स की समझ आपको होनी चाहिए.

अब सवाल आता है कि मैं कम्प्यूटर बेसिक कैसे सीख सकता हूँ?

तो जनाब इस इंटरनेट की दुनिया में ज्ञान हवा में तैर रहा है. बस उसे ढूँढ़कर सीखने की जरूरत है. यूट्यूब, ऑनलाइन कम्प्यूटॅर कोर्स, कम्प्यूटर बुक्स आदि के जरिए आप फ्री में घर बैठे-बैठे कम्प्यूटर सीख सकते हैं.

साथ ही Gyanly Mobile App को डाउनलोड करके भी आप फ्री में कम्प्यूटर साक्षरता कोर्स करके कम्प्यूटर लिटरेट बन सकते हैं.

स्मार्टफोन चलाना: वैसे यह स्किल तो आजकल एक पांच साल का बच्चा भी जानता हैं. लेकिन, पचास साल का व्यक्ति इस डिवाइस से अभी भी अंजान है. इसलिए, मैं आपको बताता चलु कि स्मार्टफोन चलाना भी एक डिजिटल स्किल है. इसे जरूर सीखे और स्मार्टफोन बेसिक्स पर अपनी पकड़ रखें.

टैबलेट चलाना: स्मार्टफोन की भांति ही टैबलेट होता है. लेकिन, इसका साइज स्मार्टफोन की तुलना में बड़ा होता है. यह एक हाइब्रिड डिवाइस होता है जो स्मार्टफोन और लैपटॉप की सुविधा यूजर्स को मुहैया कराता है.

यह सिर्फ तीन डिवाइस ही मैंने आपको गिनाए हैं. इनके अलावा दर्जनों डिवाइस और इनके साथ काम आने वाली एसेसरीज के बारे में जानकारी होना जरूरी डिजिटल स्किल है.

#2 इंटरनेट तकनिकों का इस्तेमाल

आप इस लेख को इंटरनेट के कारण ही पढ़ रहे हैं. अगर, इंटरनेट की खोज नही हुई होती तो शायद ही आप मेरे द्वारा लिखित इस जानकारी को पढ़ पाते.

इंटरनेट दुनिया का सबसे बड़ा और व्यस्तम कम्प्यूटर नेटवर्क है. जिसे हिंदी में अंतरजाल कहते हैं.

यह अकेला एक तकनीक नही है. इसके साथ-साथ बहुत सारी सहायक तकनिके काम करती हैं जिनसे मिलकर हमारे सामने इंटरनेट अपने असली रूप में दिखाई देता है. इन तकनिकों के कुछ नाम इस प्रकार हैं:

  • ईमेल
  • ब्राउजर का ज्ञान
  • नेटवर्किंग की समझ
  • इंटरनेट से जानकारी ढूँढ़ना
  • सर्च इंजन
  • डोंगल तथा अन्य सहायक उपकरण

#3 तकनीकी शब्दावलियों की समझ

हर भाषा की अपनी एक शब्दावली होती है. आपने हिंदी भाषा की परिक्षा देते समय प्रशासनिक शब्दावली पर प्रश्न जरूर देंखे होंगे.

इसी तरह इस डिजिटल दुनिया की भी अपनी कुछ शब्दावली है जिसके बारे में खुद को अपडेट रखना खुद की ही जिम्मेदारी है.

अधिकतर शब्दावली कम्प्यूटर, इंटरनेट, प्रोग्रामिंग, सॉफ्टवेयर आदि से जुड़ी हुई होती है. इसलिए, आपको इन क्षेत्रों में काम आने वाले और ज्यादा प्रचलित शब्दों के बारे में जानकारी जरूर होनी चाहिए.

  • HTML
  • CSS
  • Web
  • App
  • Play Store
  • CD/DVD
  • Wi-Fi
  • iOS
  • Android
  • OS
  • YouTube
  • Google
  • Paytm
  • Amazon
  • Zomato
  • Byzu’s
  • Gyanly
  • Udemy
  • Coding
  • PHP
  • Server
  • Data
  • Log in
  • Sign in
  • Password
  • Username

ये कुछ उदाहरण है. जिनसे आप अंदाजा लगा सकते हैं कि मैं किस तरह की शब्दावली के बारे में बात कर रहा हूँ. आपके सामने जब भी कोई नया शब्द आए आप तुरंत उसे गूगल करें ताकि आपको उससे संबंधित जानकारी मिल जाए.  

#4 कोडिंग

पश्चिमी देशों में स्कूल लेवल से ही स्टुडेंट्स को कोड़िंग सिखाने की होड़ सी लगी हुई है. और इसके लिए बाकायदा बहुत सारे ऑनलाइन प्लैटफॉर्म भी विकसित हो चुके है. जो प्राथमिक लेवल के स्टुडेंट्स को कोड़िंग ऑनलाइन सिखाते हैं.

मुझे इस बारे में नही पता है कि इस छोटी सी उम्र के बच्चे कोड़िंग सिखने के लिए मानसिक रूप से तैयार होते होंगे.

लेकिन, मैं आपकी बात कर रहा हूँ. आप बचपन जी चुके हैं और किशोरावस्था से जवानी की ओर बढ़ रहे है. इसलिए, आपका दिमाग पूरी तरह से कोड़िंग के लिए विकसित है. आप कोड़िंग सीख सकते हैं.

आप इस लेख को पढ़ रहे हैं तो यह इंटरनेट के अलावा कोड़िंग के कारण ही संभव हो पाया है. क्योंकि, आप जिस सॉफ्टवेयर पर इस लेख को पढ़ रहे हैं यह एक खास प्रोग्रामिंग भाषा में लिखे प्रोग्राम्स को आपकी भाषा में रेंडर करके आपको दिखाता है.

कोड़िंग सीखकर आप एक शानदार डिजिटल करियर भी बना सकते हैं. फेसबुक, गूगल, अमेजन, माइक्रोसॉफ्ट, पेटीएम, ओला, ओयो रूम्स, जस्ट डायल, ज्ञानली, उडेमी, टिकटॉक, जोश, टेलिग्राम, वाट्सएप, इंस्टाग्राम आदि के मालिक कुछ ही सालों में अरबपति बन गए. केवल और केवल कोड़िंग के कारण.

इसलिए, कोड़िंग एक ऐसी डिजिटल स्किल है जिसे आप गंभीरता से लेंगे तो जरूर खुद को तो लाभांवित करेंगे ही साथ में दुनिया को भी कुछ अच्छा दे पाएंगे.

#5 डिजिटल कंटेट तैयार करना

डिजिटल प्लैटफॉर्मों पर विभिन्न प्रकार का कंटेट तैयार करना भी एक डिजिटल कौशल है. आप फेसबुक पर पोस्ट करते हैं, इंस्टा पर वीडियो अपलोड करते हैं, यूट्यूब चैनल पर वीडियो पर अपलोड करना, लाइव चैटिंग करना, ब्लॉग़ पोस्ट पब्लिश करना, किसी अन्य ब्लॉग़/वेबसाइट के लिए कंटेट लिखना आदि डिजिटल कंटेट की श्रेणी में आता है.

अलग-अलग प्लैटफॉर्मों पर कंटेट तैयार करने वाले लोगों को अलग-अलग नाम से जाना जाता है. जैसे; इंस्टा, फेसबुक, यूट्यूब पर काम करने वाले लोग इंफ्लुएंशलर कहलाते हैं. वहीं ब्लॉग़ राइटिंग करने वाले लोग ब्लॉग़र कहलाते हैं.

आपको इन सभी प्लैटफॉर्मों पर कंटेट पब्लिश करने की बेसिक जानकारी जरूर होनी चाहिए.

अगर, आप इस जानकारी को बढ़ाकर पेशेवर कर लेते हैं तब आप पैसा भी कमा सकते हैं.

आप गूगल पर फेसबुक से पैसे कैसे कमाएं, गूगल से पैसे कैसे कमाए, यूट्यूब से पैसे कैसे कमाए, पेटीएम से पैसे कैसे कमाए, इंटरनेट से पैसे कैसे कमाए आदि वाक्य लिखकर सर्च करेंगे तो आपको सैंकड़ों पोस्ट, वीडियो मिल जाएगी. जो आपको विस्तार से बता देंगी कि आप खुद ऑनलाइन पैसे कैसे कमा सकते हैं.

#6 सोशल मीडिया

गली में मिलना, पार्क में टहलना, सुबह-शाम दोस्तों के साथ गप लड़ाना आदि अब बीते दिनों की बाते लगती हैं.

क्यों?

क्योंकि, यह सारे काम ऑनलाइन जो होने लगे हैं.

फेसबुक, इंस्टा, जोश एप, टिकटॉक, वाट्सएप, टेलिग्राम, ट्वीटर आदि ऐसे प्लैटफॉर्म बनकर उभरे हैं. जिनके कारण रियल लाइफ वर्चुएल लाइफ में बदलती जा रही है.

इसलिए, फेसबुक पर पोस्ट करना, लाइक, शेयर, कमेंट, टैगिंग आदि की जानकारी आपको होना अनिवार्य है.

फेसबुक के अलावा अन्य सोशल मीडिया प्लैटफॉर्म जिनक भी इस्तेमाल आप करते हैं. उनकी बेसिक फंक्शनेलिटी के बारे में आपको जानकारी जरूर होनी चाहिए.

एक बात ध्यान रखना अब कम्प्यूटर चलाना आना कोई खास योग्यता नही है. बल्कि, यह एक बुनियादी कौशल है जो हर नागरिक को आनी चाहिए.

#7 वर्ड प्रोसेसिंग

कागज पर लिखने से पहले इंसान पत्तों, पत्थरों पर अपनी बात लिखता आया है. और आज कागज से निकलकर यह चीज स्र्कीन पर पहुँच गई है. आप स्मार्टफोन के जरिए भी एक बुक तैयार कर सकते हैं.

इस सारे काम के लिए कुछ विशेष टूल्स और प्रोग्राम्स का सहारा लिया जाता है. .जिन्हे वर्ड प्रोसेसर प्रोग्राम्स के नाम से जाना जाता है.

स्कूलों/कॉलेजों आदि में होमवर्क भी डिजिटल सबमिट करने के लिए सुविधाएं दी जाने लगी है. इसलिए, वर्ड प्रोसेसर प्रोग्राम और बेसिक्स ऑफ वर्ड प्रोसेसिंग की जानकारी इस डिजिटल दुनिया में महत्वपूर्ण हो जाती है.

#8 डेटा विश्लेषण

कोयला खोदना, खनिज खोदना जैसे शब्द आपने जरूर सुने होंगे और भलिभांति परिचित भी होंगे कि यह क्या काम होता है.

लेकिन, क्या आप डेटा माइनिंग मेरा मतलब है डेटा खुदाई के बारे में जानते हैं?

आप सोच रहे होंगे कि यह कैसे सवाल है? मैंने तो पहली बार सुना है कि डेटा भी खोदा जाता है.

जी हां. आप चौंकिए मत. डेटा भी खोदा जाता है. और यह खुदाई डिजिटल डिवाइसों के माध्यमों से ही पूरी होती है.

आप इंटरनेट खोलते ही अपनी मन पसंद जींस, जूता, खाना या किताब का विज्ञापन अपने सामने देख पाते हैं. यह सारा काम डेटा खुदाई के कारण ही संभव हो पाता है.

डेटा का विश्लेषण करके उससे भविष्यवाणी करवाना ही डेटा विश्लेषण का मुख्य काम होता है. और यह एक ऐसी डिजिटल स्किल है जिसके लिए आपको लाखों रुपए मिल जाएंगे.

#9 प्रेजेंटेशन तैयार करना और देना

हम सभी लोग अपनी-अपनी बात एक-दूसरे तक पहुँचाते हैं. फेस-टू-फेस मिलकर, मंच के माध्यम से, ऑनलाइन आदि सभी जगहों पर हमे बोलना ही पड़ता है.

आप चौंक जाएंगे मौत के बाद इंसान पब्लिक में बोलने से डरता है.

आप अंदाजा लगा सकते हैं कि यह बोलना आना कितना महत्वपूर्ण है. अब बोलना तो सभी को आता ही है यह प्राकृतिक है. लेकिन, मेरे कहने का मतलब है अपनी बात दमदार तरीके से लोगों के सामने प्रस्तुत करने की कला.

इसलिए, प्रेजेंटेशन स्किल्स करियर ग्रोथ में बहुत ही क्रिटिकल रोल निभाती है. जो व्यक्ति अपनी बात प्रभावशाली तरीके से कह पाता हैं उसे ज्यादा पेशा और ऊंची पोस्ट मिल जाती है. चाहे उसे काम की कम जानकारी रहे.

अब यह आपके ऊपर है कि आप कम जानकारी में ज्यादा ग्रोथ चाहते हैं या नही.

आजकल प्रेजेंटेशन देने के लिए डिजिटल टूल्स का इस्तेमाल किया जाता है. बिजनेस हाउसों में भी अपनी बात रखने के लिए कागज और बोर्ड के बजाए प्रेजेंटेशन टूल्स की मदद ही जाती है.

आपको इन टूल्स की मदद से स्लाइड तैयार करना, एनिमेशन लगाना, साउंड, ग्राफिक्स आदि के माध्यम से प्रेजेंटेशन तैयार करने की बुनियादी जानकारी अवश्य आनी चाहिए.  

#10 कॉपीराइट और प्लेजिएरिज्म का ज्ञान

इंटरनेट सूचना का सागर है. यह बात आपने बहुत बार सुनी होगी.

लेकिन, क्या आप जानते हैं. यह सागर एक ही प्रकार की जानकारी से भरा पड़ा है. यानि यहां पर प्लैटफॉर्म बदलते हैं जानकारी कमोबेश वही रहती है.

यहीं से समस्या शुरु होती है कि इंटरनेट पर विशिष्ट और नई जानकारी को बढ़ावा कैसे दिया जाए?

इसके लिए गूगल जैसे इंटरनेट सर्च इंजनों ने कॉपीराइट टूल्स विकसित करके कंटेट पब्लिशरों को कुछ सहुलियत प्रदान की है. साथ में सरकारों द्वारा भी डिजिटल कंटेट को मान्यता देकर बहुत ही सराहनीय काम किया है.

इसलिए, इंटरनेट पर अब आप कुछ भी कहीं से भी कॉपी करके पब्लिश नहीं कर सकते हैं. आपको ऑफलाइन दुनिया की भांति यहां भी इंटेलेक्चुएल प्रोपर्टी के नियमों का पालन करना ही पड़ेगा.

अगर, आपने इन नियमों को नही जाना तो आप बहुत बड़ी मुसिबत में पड़ जाएंगे. खुद को सुरक्षित रखते हुए कंटेट का इस्तेमाल करना ही कॉपीराइट और प्लेजिएरिज्म स्किल्स में आता है. जिसकी कुछ बेसिक जानकारी आपको इंटरनेट के माध्यम से ही जरूर सीख लेनी चाहिए.  

आपने क्या सीखा?

इस लेख में मैंने आपको डिजिटल दुनिया में काम आने वाली उन 10 जरूरी कौशलों के बारे में जानकारी दी है जो प्रत्येक स्टुडेंट के लिए सीखने आवश्यक हैं.

इन Top 10 Digital Skills for Students को जानकर आप सचेत हो जाएंगे और खुद को जल्दी डिजिटल दुनिया के लिए तैयार कर पाएंगे.

क्योंकि, इस डिजिटल दुनिया में बिजनेसों को डिजिटलकरण होने के कारण डिजिटल कौशल युक्त कर्मचारी ही एम्प्लोयर को पसंद आ रहे हैं.

मुझे उम्मीद है कि यह लेख आपको पसंद आएगा और आपके लिए उपयोगी साबित होगा.

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